Instagram Slider

Latest Stories

Featured Articles
BQhdufh
aapna bihar is one of the best & trusted portal of bihar.good luck.

Featured Articles
BQhdufh
aapna bihar is one of the best & trusted portal of bihar.good luck.

नवरात्रि की अष्टमी तिथि को माँ महागौरी की आराधना होती है

नवरात्रि की अष्टमी तिथि को माँ महागौरी की आराधना होती है|
नाम से प्रकट है कि इनका रूप पूर्णतः गौर वर्ण है। इनकी उपमा शंख, चंद्र और कुंद के फूल से दी गई है। अष्टवर्षा भवेद् गौरी यानी इनकी आयु आठ साल की मानी गई है। इनके सभी आभूषण और वस्त्र सफेद हैं। इसीलिए उन्हें श्वेताम्बरधरा कहा गया है। इनका वाहन वृषभ है इसीलिए इन्हें वृषारूढ़ा भी कहा गया है।
इनकी 4 भुजाएं हैं| इनके ऊपर वाला दाहिना हाथ अभयमुद्रा में है तथा नीचे वाला हाथ त्रिशूल धारण किए हुए है। ऊपर वाले बाँए हाथ में डमरू धारण कर रखा है और नीचे वाले हाथ में वरमुद्रा है। इनकी पूरी मुद्रा बहुत शांत है। पति रूप में शिव को प्राप्त करने के लिए महागौरी ने कठोर तपस्या की थी। इस वजह से इनका शरीर काला पड़ गया लेकिन तपस्या से प्रसन्न होकर भगवान शिव ने इनके शरीर को गंगा के पवित्र जल से धोकर कांतिमय बना दिया। उनका रूप गौर वर्ण का हो गया। इसीलिए यह महागौरी कहलाईं।
यह अमोघ फलदायिनी हैं और इनकी पूजा से भक्तों के तमाम कल्मष धुल जाते हैं। पूर्वसंचित पाप भी नष्ट हो जाते हैं। महागौरी का पूजन-अर्चन, उपासना-आराधना कल्याणकारी है। इनकी कृपा से अलौकिक सिद्धियां भी प्राप्त होती हैं।

Facebook Comments

Search Article

Leave a Comment

Your email address will not be published.

%d bloggers like this: